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दही के लाभकारी उपयोग | dahi ke labhkari upyog in hindi

दही के लाभकारी उपयोग
Dahi Ke Labhkari Upyog in Hindi
Dahi Ke Labhkari Upyog

घर के बने ताजे व मलाईदार दही के एक कटोरे को सर्वोत्तम भोजन की श्रेणी में रखना आश्चर्य की बात नहीं होगी। आपको जानकर हैरानी होगी कि दही को हमारे दैनिक भोजन के साथ उपयोग कर हम उनके स्वाद को दो गुना कर सकते हैं। इन सबके अलावा क्या आपने कभी दही के अन्य अद्भुत स्वास्थ्य लाभों के बारे में सोचा है जो हम हर दिन केवल दही के एक कटोरे के सेवन मात्र से प्राप्त कर सकते हैं। तो चलिए दोस्तों बढ़ते हैं, सौंदर्य की राह में दो कदम और आगे।

दही को बनाने की विधि

हमारे रोजमर्रा के जीवन में इस्तेमाल होने वाला यह खाद्य पदार्थ आखिर है क्या और यह कैसे बनता है या यूं कह ले कि इसे कैसे बना सकते हैं, आखिर इसमें क्या-क्या चीजें हैं। दही एक डेयरी उत्पाद है जिसे दूध को जमाकर (कोग्लिंग) प्राप्त किया जाता है जिसे दही कहा जाता है। रेनेट या खाद्य अम्लीय पदार्थ जैसे कि नींबू का रस या वेनेगर का दूध के साथ क्रिया होने पर वह जमकर दही का निर्माण करती है। असल में बढ़ी हुई अम्लता दूध प्रोटीन को ठोस द्रव्यमान या दही बनने का कारण बनती है।

दही में पाये जाने वाले तत्व

दही मुख्यतः कैल्शियम, विटामिन बी -2, विटामिन बी -12, पोटेशियम और मैग्नीशियम जैसे कई आवश्यक पोषक तत्वों से भरा होता है। इन सभी पोषक तत्वों के अलावा दही में लेक्टोबेसिलस बैक्टीरिया पाया जाता है। इसी वजह से दही को एक सर्वोत्तम प्रोबायोटिक खाद्य पदार्थ की श्रेणी में रखा गया है। प्रोबायोटिक श्रेणी में ऐसे खाद्य पदार्थों को रखा गया है, जिसमें मानव शरीर के लिए जरूरी मित्र जीवित जीवाणु या सूक्ष्मजीव शामिल होते हैं।

दही जितना आपके शरीर के लिए स्वास्थ्यकारी है, उतना ही आपकी खूबसूरती को नखारने लिए भी सहायक होता है। मेरी यह बात आप में से कुछ दोस्तों को पता होगा और कुछ मुझ पर शायद यकीन न करें। तो चलिए आज दही के कुछ प्रभावशाली गुणों से के बारे में बात करते हैं।

दही के प्रतिदिन सेवन से लाभ (Benefits of Curd)

1. पाचन में सहायक (Helps in Digestion)

दही एक सर्वोत्तम प्रोबायोटिक (प्रोबायोटिक एक प्रकार के खाद्य पदार्थ होते हैं, जिसमें मानव शरीर के लिए जरूरी मित्र जीवित जीवाणु या सूक्ष्मजीव शामिल होते हैं),  ये अच्छे और फायदेमंद बैक्टीरिया आंत की गतिविधि में सुधार करने के लिए जाने जाते हैं, पाचन तंत्र को सुचारू कर पेट की ख़राबी को दूर करते हैं। जाहिर है, आगर आपका पाचन तंत्र मजबूत होता है, तो त्वचा व त्वचा संबंधी रोगों से आप सदैव के लिए दूर हो जाते हैं।

2. मजबूत शरीर रक्षातंत्र (Strong Immune System)

अब तक मात्र तीन या चार ही ऐसे जीवाणु ज्ञात हैं जिनका प्रयोग प्रोबायोटिक के रूप में किया जाता है। इनमें लैक्टोबेसिलस, बिफीडो, यीस्ट और बेसिल्ली हैं। दही में मुख्यतः लैक्टोबेसिलस पाया जाता है, ये शरीर में अच्छे जीवाणुओं की संख्या में वृद्धि कर पाचन क्रिया को बढ़ाकर कोलेस्ट्रोल व रक्तचाप को नियंत्रण में रखते हैं। साथ ही यह मानव शरीर के प्रतिरक्षा तंत्र को मजबूत करते हैं।

3. हेल्थी स्किन के लिए (For Healthy Skin)

  • दही कैल्शियम, प्रोबायोटिक्स, प्रोटीन और विटामिन डी से भरपूर है जो शरीर के आवश्यक पोषक तत्वों की आपूर्ति करके त्वचा को फिर से जीवंत करता है।
  • दही लैक्टिक एसिड से समृद्ध है, जो एक अल्फा हाइड्रॉक्सी एसिड है जो डेड स्किन सेल्स निकालकर स्वस्थ अंडरलेयर को एक्सपोस कर आपकी त्वचा को प्राकृतिक चमक देता है।
  • दही में कैल्शियम होता है, जो त्वचा को शुष्क और डीहायड्रेटेड होने से बचाता है।
  • दही के रोजाना इस्तेमाल से, मुँहासे और दाने अतीत की चीजें बन जाते हैं।
  • दही त्वचा की झुर्रियों को कम करने में मदद करता है।
  • दही में जिंक होता है जो स्किन सेल्स के विकास को गति देता है और त्वचा को अधिक यंग बनाता है।
  • विटामिन बी के विभिन्न सदस्य जैसे बी 2, बी 5 और बी 12 इसमें पाए जाते हैं जो आपको दमकती त्वचा प्रदान करता है।
  • राइबोफ्लेविन त्वचा को डीहायड्रेशन से बचाता है, और सेलुलर रिजेनेरेशन बनाए रखता है और हेल्थी सेलुलर फेट के संश्लेषण को बढ़ाता है।

4. हेल्थी हेयर के लिए (For Healthy Hair)

  • दही में एंटी फंगल गुण होते हैं। यह आपके स्काल्प की डीप क्लीन कर अतिरिक्त तेल या गंदगी कम कर देता है, जो कि डेंड्रफ का मुख्य कारण है। इसी कारण दही को डेंड्रफ खत्म करने वाला एक आश्चर्यजनक होम रेमेडी माना जाता है।
  • अक्सर, डेंड्रफ से स्काल्प में इचिंग हो जाती है, कुछ मामलों में, यह इतना अधिक होता है कि स्काल्प में रेडनेस व सूजन होने लगती है। दही के मोस्चराइजिंग गुणों के कारण इन सबसे आपको तुरंत राहत मिलती है।
  • किन्हीं भी कारणों से अगर स्काल्प का असंतुलित पीएच स्तर या पीएच लेवेल का उतार-चढ़ाव स्काल्प के सीबम उत्पादन को प्रभावित करता है। जिसका परिणाम ग्रीसी स्काल्प, डल हेयर और अंततः रूसी। दही मुख्यतः आपके स्काल्प के पीएच लेवेल को संतुलित रखता है।
  • जिनको हेयर फॉल की समस्य है, वे अपने बालों के लिए दही का उपयोग करके इस समस्या से छुटकारा पा सकते हैं। दही स्कैल्प में मौजूद हेयर फॉलिकल्स को मजबूत कर गिरने से रोकने में मदद करता है। यह बालों के जड़ों को मजबूत बनाता है और रोम छिद्रों को वह पोषण प्राप्त करने में मदद करता है जिसकी उसे आवश्यकता होती है।
  • उलझे और दोमुहें बालों का प्रमुख कारण स्काल्प में नमी की कमी है। दही मुख्यतः आपके एक-एक बाल को मॉइस्चराइज़ और हाइड्रेट करता है, जिससे आपके बाल पहले से ज्यादा सुलझे और सिल्की हो जाते हैं।
  • चूंकि दही में स्वस्थ बालों के लिए आवश्यक पोषक तत्व होते हैं, इसलिए इसे नियमित रूप से बालों पर लगाने से आपके बाल न केवल स्वस्थ बल्कि चमकदार बनेंगे।
  • दही उन लोगों के लिए वरदान है जो एक प्राकृतिक कंडीशनर की तलाश में हैं। दही आपके बालों के लिए एक प्राकृतिक कंडीशनर के रूप में काम करता है।
आशा है, मेरा यह ब्लॉग आपको पसंद आया होगा। तो दोस्तों इस ब्लॉग पर कमेंट करना न भूलें। आशा है आपका स्नेह और प्यार मुझ पर इसी तरह बना रहेगा। 

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